तालचर में बढ़ रहा है नशीले द्रव्यो का कारोबार
अनुराग आचार्य (व्योरोचीफ)
ओडिशा में पंचायत चुनाव की सरगर्मी तेज होने के साथ ही बढ़ रही है मतदाताओ की आवभगत।
चुनाव में खड़े उम्मीदवारो द्वारा मतदाताओ को लुभाने के लिए उनके मन मुताबिक शराब यतक परोसे जा रहे है। बढ़ रहा है नशिले द्रव्य का प्रचलन।
ओडिशा के अंगुल जिला अंतर्गत आनेवाले शिल्पनगरी तालचर में इन दिनों ऐसा ही नजारा देखने को मिल रहा है।
तालचर में शहरांचल से लेकर ग्रामांचलो तक में अबकारी बिभाग और पुलिस के नाक के नीचे शराब की बिक्री जोरो पर होता देखा जा रहा है।
दूसरी ओर देशी शराब के उत्पादन में भी तेजी देखा जा रहा है,और इसके बिक्रय हेतु पुआल निर्मित कुटियाओ की संख्या भी बढ़ रही है।
इतना ही नही औषधालयो में भी कानून को ताक पर रख कर कोरेक्स सीरप, नाइट्रोजेन टैबलेट, की बिक्री हो रही है।
इन मादक पदार्थो के खुलेआम उपलब्ध होने से इसका सेवन करने वाले वर्तमान की युवापीढी़ पथभ्रष्ट हो रही है।
इन दिनों तालचर के शहरांचल एवं ग्रामांचल में गांजा की बिक्री भी जीरो पर है। बाहरी इलाकों से गांजा तस्करी कर शहर में लाया जा रहा है एवं शहरांचल और ग्रामांचल के कुछ जगह से थोक के भाव और कई जगहो पर खुदरा बिक्री की जा रही है।
ऐसे में नशीले पदार्थो का सेवन करने वालो से स्थानीय लोगो को हो रही है परेशानी।
शहर के बुद्धजिवियो और समान्य नागरीको ने इस बात को लेकर चिंता व्यक्त की है।





