पुलिस एएसआई और अध्यापिका पत्नी को आय से अधिक संपत्ति मामले में हुई सजा
प्रवाकर पांडा, पूर्व पुलिस एएसआई, बणई थाना, जिला-सुंदरगड़ और उनकी पत्नी गीतांजलि पात्रा, पूर्व सहायक शिक्षिका, सरकारी हाई स्कूल, झिरपानी, राउरकेला को आय से अधिक संपत्ति मामले में दोषी ठहराया गया।आज यानी 29.06.2026 को, प्रवाकर पांडा, पूर्व पुलिस एएसआई, बणई थाना, जिला-सुंदरगड़ा (सेवानिवृत्त) और उनकी पत्नी गीतांजलि पात्रा, पूर्व सहायक शिक्षिका, सरकारी हाई स्कूल, झीरपानी, राउरकेला (सेवानिवृत्त), जिन्हें ओडिशा विजिलेंस द्वारा पीसी अधिनियम, 1988 की धारा 13(2) आर/डब्ल्यू 13(1)(ई) के तहत एक मामले में आय से अधिक संपत्ति (डीए) रखने के आरोप में आरोप पत्र दायर किया गया था, को माननीय विशेष न्यायाधीश, विजिलेंस, सुंदरगढ़ द्वारा दोषी ठहराया गया। माननीय न्यायालय ने दोनों दोषियों को 1 वर्ष की कठोर कारावास और 1,00,000/- रुपये का जुर्माना भरने की सजा सुनाई। इसके अलावा, माननीय न्यायालय ने राज्य सरकार को दोनों दोषियों की चल और अचल संपत्ति से आय से अधिक संपत्ति (डीए) की वसूली के लिए कदम उठाने का निर्देश दिया है। ओडिशा विजिलेंस अब प्रवाकर पांडा, पूर्व एएसआई पुलिस, बणई थाना, जिला-सुंदरगडा (सेवानिवृत्त) और उनकी पत्नी श्रीमती गीतांजलि पात्रा, पूर्व सहायक अध्यापिका की पेंशन रोकने के लिए सक्षम प्राधिकारी को आवेदन करेगी।





