सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में मनाई गई गुड़िया दिवस
सरस्वती शिशु विद्या मंदिर,बण्डामुण्डा में गुड़िया दिवस मनाया गया, इस अवसर पर मुख्य अतिथि मधुसूदन हेम्ब्रम, मुख्य वक्ता पुरूषोत्तम साहु, अनीता साहु ने कार्यक्रम में मुख्य योगदान दिया। मुख्य अतिथि ने अपने अभिभाषण में कहा कि शिशु भगवान का रूप है। शिशु के मन में कितने सपने, कितने खुशी और प्रश्न रहते हैं।जब शिशु गुड़िया लेकर खेलते हैं तो वह उसे स्नान करता है, खिलाता है और उससे बात करता है।इससे शिशु के भीतर सामाजिक गुण का विकास होता है। गुड़िया दिवस पर गुड़ियों का मेला से आनेवाली पीढ़ी को अपना परम्परा और संस्कृति के वारे में जानने का मौका मिलता है। विद्यालय के प्रधानाचार्य गिरिधारि दलई ने अतिथियों का परिचय प्रदान किया । सभी आचार्य आचार्या,सेवक सेविका , अभिभावक अभिभाविका इस अवसर पर विद्यालय प्रांगण में आयोजित कार्यक्रम में योगदान कर कार्यक्रम को
सफल बनाया। इस कार्यक्रम में अनेक शिशुओ ने कपड़े,ऊन,कागज से गुड़िया बनाकर लाये थे ।





